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OPCW की कार्यकारी परिषद की 58वीं बैठक में वक्तव्य

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टिप्पणियाँ
राजदूत कैनेथ डी वार्ड, OPCW में संयुक्त राज्य अमेरिका के स्थायी प्रतिनिधि
दी हेग, नीदरलैंड्स
16 अप्रैल, 2018

 

श्रीमान अध्यक्ष, श्रीमान निदेशक-जनरल, सम्मानीय राजदूतों और प्रतिनिधिमंडलों,

यह काफी दु:खद है कि, एक बार फिर से, कार्यकारी परिषद को सीरिया द्वारा किये गये एक भयावह रासायनिक हथियारों के हमले का समाधान करना होगा। 7 अप्रैल को, परिषद की बुलाई गई बैठक के केवल तीन दिन बाद – 4 अप्रैल 2017 की सालगिरह पर, खान शैखुन हमला किया गया – सीरिया का शहर डौमा एक गहन रासायनिक हथियारों के हमले के तहत आया था जिसमें दर्जनों निर्दोष नागरिकों की मौत हो गई और सैकड़ों घायल हो गए। डौमा में हमले का संकेत देने वाली प्रारंभिक रिपोर्टों का परिणाम भी उसी तरह से नागरिकों की मौत हो सकती है, जैसा कि पिछले साल खान शैखुन शहर में हुआ था। इन भयावहताओं को रोकने की जरूरत है।

रासायनिक हथियारों के बार-बार और व्यवस्थित उपयोग के वर्षों के बाद, डौमा में रासायनिक हथियारों के हमले, अपने ही लोगों पर असभ्य रासायनिक हथियारों के हमले के असाद शासन का एक और बढ़ोत्तरी का प्रतिनिधित्व करते हैं। असाद शासन का रासायनिक हथियारों के इसके इस्तेमाल पर होने वाली अंतर्राष्ट्रीय निन्दा के बावजूद अपने ही नागरिकों को डराना जारी है। इस उपयोग की स्वतंत्र और निष्पक्ष OPCW- संयुक्त राष्ट्र संयुक्त अन्वेषण तंत्र द्वारा पुष्टि की गई है। इस बात को अस्वीकार नहीं किया जा सकता कि सीरियाई सरकार रासायनिक हथियारों के करार और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों सहित, अनैतिक, वास्तव में तिरस्कारपूर्ण, अंतर्राष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है।

डौमा हमलों की जांच करने के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका निर्देशक-जनरल को तत्काल तथ्य-खोज अभियान (FFM) को जुटाने के लिए प्रशंसा करना चाहता है। हम यह सुनिश्चित करने के लिए कि FFM डौमा हमलों की सुरक्षापूर्वक, तत्काल, और बिना रुकावट की पहुंच की जांच कर सकता है, सभी पक्षों से अपील करता है। हालांकि, यह हमारा मानना है कि रूसी संघ ने हमले की साइट का दौरा किया हो सकता है। हम इस बात से चिंतित हैं कि उन्होंने OPCW की एक प्रभावी जांच-पड़ताल का संचालन करने के तथ्य-खोज अभियान को नाकाम करने के इरादे से उससे छेड़छाड़ की गई हो सकती है। यह FFM के अपने काम करने की क्षमता के बारे में गंभीर सवाल उठाते हैं।

13 अप्रैल को, अमेरिकी, फ्रांसीसी और ब्रिटिश सेना ने सीरिया के शासन के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की। सीरिया पर अमेरिका और हमारे सहयोगियों की नीति के अनुरूप हमारे हमले सीरिया की रासायनिक हथियारों की क्षमता को निष्प्रभावी बनाने और उसके द्वारा इसके अतिरिक्त उपयोग पर रोक लगाने पर केंद्रित थे। अमेरिका और इसके सहयोगियों ने इन हमलों की योजना बनाने और इन्हें निष्पादित करने में आम नागरिकों की मृत्यु के जोखिम को न्यूनतम करने के प्रयास किए। अमेरिका और इसके सहयोगियों द्वारा किये गये हमले वैध, अनुपाती और न्यायसंगत थे।

संयुक्त राज्य अमेरिका ने असाद शासन के रासायनिक हथियारों के उपयोग को रोकने के लिए कूटनीतिक, आर्थिक और राजनीतिक साधनों का बार-बार उपयोग करने का प्रयास किया है। हमने संयुक्त राष्ट्र में कार्रवाई की माँग की है। हमने EU और अन्य देशों के साथ साझीदारी में प्रतिबंध लगाने की कोशिश की। हालांकि, रूसी संघ संयुक्त राज्य अमेरिका और हमारे साझीदारों द्वारा इस अस्वीकार्य परिस्थिति से निपटने के लिए किये गये प्रत्येक प्रयास के रास्ते में आकर खड़ा हुआ। रूसी संघ ने उनके रासायनिक हथियारों के भंडार को आत्मसमर्पण करने और उनके कार्यक्रम को पूरी तरह से खत्म करने के लिए शासन पर दबाव बनाने के लिए बार-बार OPCW के द्वारा किये गये प्रयासों को कमज़ोर बनाया है। रूसी संघ ने पिछले साल में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों को रोकने के लिए अपनी वीटो शक्ति का छह बार इस्तेमाल किया गया है और शासन को अपने रासायनिक हथियारों के लिए लगातार उत्तरदायी ठहराने से रोकता है। यद्यपि रूस संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के संकल्प 2401 (2018) के तहत शत्रुता की समाप्ति के लिए सहमत हुआ है, लेकिन इसने इसे इसके किसी भी नियम और शर्तों का पालन नहीं किया है और इसने इस संकल्प का उपयोग असाद शासन के सैन्य उद्देश्यों को बढ़ाने और सीरिया के अपने ही लोगों के खिलाफ रासायनिक हथियारों के इस्तेमाल को समन्वित करने के लिए किया है।

शायद सबसे अधिक कहें तो, रूसी संघ ने OPCW-संयुक्त राष्ट्र संयुक्त अन्वेषक तंत्र – जो सीरिया में रासायनिक हथियारों के उपयोग के लिए ज़िम्मेदारी की जाँच-पड़ताल करने के लिए आदेश दिया गया निष्पक्ष, स्वतंत्र तकनीकी निकाय है – के नवीनीकरण को वीटो करने के द्वारा सीरिया में रासायनिक हथियारों के हमलों के लिए ज़िम्मेदार ठहराने की विश्व की क्षमता छीन ली। दरअसल, सिर्फ कुछ ही दिन पहले 9 और 10 अप्रैल को, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने आपातकालीन सत्र में मुलाकात की, और एक बार फिर रूसी संघ ने एक मसौदा प्रस्ताव पर वीटो लगाया जो एक स्वतंत्र और निष्पक्ष एट्रिब्यूशन तंत्र को फिर से स्थापित करता जिससे उनके अत्याचारों के लिए जिम्मेदार अपराधियों को पकड़ा जा सकता है।

अपने सहयोगी को परिरक्षित करते हुए, रूसी संघ 2013 की फ्रेमवर्क समझौते के तहत अपनी गारंटी को पूरा करने में असफल रहा है, कि सीरिया सभी रासायनिक हथियारों के सारे इस्तेमाल को समाप्त कर देगा और सत्यापित किये जाने योग्य विनाश के लिए अपने पूरे भंडार को घोषित करेगा। असाद के रासायनिक हथियारों के उपयोग को जारी रखने द्वारा, रूसी संघ ने न केवल नैतिक रूप से सहभागिता की है, बल्कि उसने रासायनिक हथियारों के करार और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद संकल्प 2118 (2013) को भी धोखा दिया है। जैसा कि राजदूत हेली ने कहा, “अगर रूस चाहता तो रूस इस मूर्खतापूर्ण वध को रोक सकता था, लेकिन वह असाद शासन के साथ खड़ा रहा और बिना किसी झिझक के उसका समर्थन करता है।”

सीरिया के रासायनिक हथियारों का लगातार उपयोग और राजनयिक और अंतर्राष्ट्रीय कार्रवाई के माध्यम से अपने सीरियाई सहयोगी संगठनों पर संयम लगाने से रूसी संघ के लगातार इनकार करने ने—अनिवार्य रूप से जरूरी—वास्तव में एक प्रतिक्रिया की मांग की। प्रमुख भागीदारों के साथ मिलकर की गई इन हालिया सैन्य कार्रवाइयों का उद्देश्य असाद और सीरिया शासन के अन्य अधिकारियों को इन अत्याचारों के लिए न केवल जवाबदेह ठहराना है, बल्कि इन्हें करने के लिए शासन की क्षमता का दर्जा कम करना है और साथ ही सीरिया शासन द्वारा भविष्य में इन असंगत हथियारों का उपयोग करने से रोकना है।

सीरिया के शासन के सबसे हालिया रासायनिक हमले के बाद मृत और मरणासन्न बच्चों के चित्र विश्व के सभ्य राष्ट्रों के बीच कार्रवाई के लिए आह्वान का प्रतिनिधित्व करते हैं। जिन देशों के पास रासायनिक हथियारों के उपयोगकर्ताओं को जवाबदेह ठहराने का सामर्थ्य है—लेकिन जो इसमें विफल हो गए हैं, वे इन हिंसात्मक कार्यों में, यदि सहभागी नहीं तो, स्वयं को सक्षमकर्ता बनाते हैं। इसके अलावा, जवाबी कार्रवाई करने में विफलता से असाद शासन न केवल सुदृढ़ होगा बल्कि पूरे विश्व के तानाशाहों को आश्वस्त करेगा कि व्यापक तबाही के हथियारों का दंड के साथ उपयोग किया जा सकता है।

विश्व के सबसे अधिक निंदनीय हथियारों के उपयोग पर प्रतिक्रिया करना उनके सामान्यीकरण को रोकने के लिए आवश्यक है। बिना दंडित रह जाने वाले प्रत्येक रासायनिक हमले के साथ, विश्व उनके आतंक के प्रति प्रगामी रूप से संवेदनहीन हो जाता है। यदि यह प्रवृत्ति जारी रहती है, तो हम अतिरिक्त राज्यों द्वारा अधिग्रहण किये जाने और इन हथियारों के उपयोग की अपेक्षा कर सकते हैं, और इससे सभी की सुरक्षा कमजोर होती है।

सीरिया के विरुद्ध हमारे हमले रासायनिक हथियारों के उपयोग को रोकने और इसे असामान्य बनाने के लिए व्यापक अमेरिकी प्रयास का भाग हैं। पिछले वर्ष हमने सीरिया और उत्तर कोरिया में रासायनिक हथियारों के उपयोग में संलग्न व्यक्तियों और निकायों पर सैंकड़ों प्रतिबंध लगाए हैं और एशिया, मध्य पूर्व तथा अफ्रीका में ऐसे निकायों को चिह्नित किया है जिन्होंने WMD प्रसार कार्यकलापों को आसान बनाने में सहायता की है। हमने 60 रूसी खुफिया विभाग के अधिकारियों को भी निष्कासित किया था, जो सैलिसबरी हमले में रूसी संघ की भागीदारी में राजनयिक कवर के तहत काम कर रहे थे। हम उन व्यक्तियों को पहचानना जारी रखेंगे जो ऐसे अपराधों में सहायता करते हैं, इनके लिए उकसाते हैं या इन्हें करते हैं जिससे उनकी पहचान की जा सके और उनके अवैध कार्यकलापों को रोका जा सके। हर किसी को यह समझना होगा कि रासायनिक हथियारों का उपयोग करने की कीमत किसी सैन्य या राजनीतिक लाभ से हमेशा अधिक होगी।

संयुक्त राज्य अमेरिका और हमारे सहयोगी सीरिया से अपील करते हैं कि वह रासायनिक हथियारों का हर प्रकार से इस्तेमाल को रोक दे, अपने रासायनिक हथियारों के विनाश की तत्काल घोषणा करे, अपने रासायनिक हथियारों के कार्यक्रम के सभी पहलुओं को तत्काल घोषित और ख़त्म करे और प्रहेलिका को समाप्त करे और सभी समस्याओं के समाधान में OPCW के साथ पूरी तरह से सहयोग करे। हम सीरिया के रक्षकों का यह सुनिश्चित करने के लिए आह्वान करते हैं कि असाद इस बार अनुपालन करें।

सीरियाई रासायनिक हथियार संकट पांच सालों से अधिक से चल रहा है। यह लंबे समय से लंबित है कि यह परिषद सीरिया के रासायनिक हथियारों के करार और इस संगठन पर सीरिया के घृणायोग्य हमले की वास्तविकता का सामना करे। यह लंबे समय से लंबित है कि यह परिषद आतंकवाद के लिए सीरिया के सरकार की निंदा करे और उन घिनौने हमलों के लिए अंतरराष्ट्रीय ज़िम्मेदारियों की मांग करे। रासायनिक हथियारों के हाथों कितनी और जिन्दगियों को गंवाना होगा कि हम कोई कार्रवाई करें? रासायनिक हथियारों के हाथों कितनी और जिन्दगियों को गंवाना होगा कि हम कोई कार्रवाई करें?

मैं मांग करता हूँ कि मेरा यह वक्तव्य कार्यकारी परिषद की इस विशेष मीटिंग के आधिकारिक दस्तावेज के रूप में नामित किया जाए और बाहरी सर्वर और सार्वजनिक वेबसाइट पर पोस्ट किया जाए।


मूल सामग्री देखें: https://www.state.gov/t/avc/rls/280509.htm
यह अनुवाद एक शिष्टाचार के रूप में प्रदान किया गया है और केवल मूल अंग्रेजी स्रोत को ही आधिकारिक माना जाना चाहिए।
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